
कपड़े ढीले हों, हाथ-पैर बहुत पतले दिखें, फोटो में खुद को देखकर मन उदास हो जाए, ऐसा आपके साथ भी होता है क्या? बहुत लोग पतले शरीर की वजह से कॉन्फिडेंस खो देते हैं, दोस्तों की बातें चुभती हैं, और एनर्जी भी हमेशा कम लगती है।
अधिकतर लोग सोचते हैं कि Weight Gain का मतलब बस ज्यादा खाना है। दो मिट्ठी चावल और दो समोसे बढ़ा लो, काम हो जाएगा। लेकिन 2025 की हेल्थ रिसर्च साफ दिखा रही है कि सिर्फ ज्यादा खाना काफी नहीं, पूरा दिन कैसे जीते हैं, क्या और कब खाते हैं, कितना सोते हैं, कितनी एक्टिविटी करते हैं, सब मिलकर वजन बढ़ाते हैं।
अच्छी बात यह है कि आपको कोई बहुत मुश्किल प्लान नहीं चाहिए। एक सिंपल, रोज का फॉलो करने लायक रूटीन चाहिए, जिसमें सही टाइम पर सही चीजें, हल्का व्यायाम, भरपूर नींद और कुछ आसान आदतें हों। इस गाइड में आपको सुबह से रात तक की पूरी Healthy Weight Gain दिनचर्या मिलेगी, जो प्रैक्टिकल भी है और स्टूडेंट, जॉब या घर पर रहने वाले, सभी के लिए काम की है।
कई लोग दिन भर कहते हैं, “मैं तो बहुत खाता हूँ, फिर भी वजन नहीं बढ़ता।” सच यह है कि अक्सर हमें खुद नहीं पता होता कि हम कितनी कैलोरी खा रहे हैं और कितनी खर्च कर रहे हैं।
कुछ आम कारण, जिनसे वजन नहीं बढ़ता:
हेल्थ पोर्टल जैसे Care Insurance की हिंदी गाइड भी यही समझाती हैं कि प्रोटीन, कार्ब और हेल्दी फैट का सही कॉम्बिनेशन, सही टाइमिंग और लगातार रूटीन, ये तीन बातें साथ चलें तो ही हेल्दी वजन बढ़ता है।
इसे बहुत आसान भाषा में समझें।
आपके शरीर में रोज जो भी खाना जाता है, उसे बोलते हैं “कैलोरी इन”। जो काम, चलना, पढ़ना, सोचना, वर्कआउट, सब में खर्च होता है, वह है “कैलोरी आउट”।
अगर दोनों बराबर हैं, तो वजन स्थिर रहता है।
अगर “कैलोरी आउट” ज्यादा है, तो वजन कम होगा।
अगर आपको वजन बढ़ाना है, तो रोज थोड़ी ज्यादा कैलोरी खानी होगी।
शुरुआत के लिए रोज लगभग 300 से 500 अतिरिक्त कैलोरी काफी रहती है। मान लीजिए आपका शरीर और एक्टिविटी मिलाकर 2000 कैलोरी जला रहे हैं, तो आप 2300 से 2500 कैलोरी लेना शुरू करें। एकदम से 1000 कैलोरी बढ़ाने से पेट फूल सकता है, गैस, एसिडिटी और उलझन बढ़ सकती है।
कुछ लोगों का मेटाबॉलिज़्म नैचुरली तेज होता है, यानी वह जो भी खाते हैं, शरीर जल्दी जला देता है। कई लोग घंटों कुछ नहीं खाते, सिर्फ चाय या कॉफी पर दिन निकाल देते हैं, फिर रात में बहुत भारी खाना खा लेते हैं।
कम नींद, हमेशा मोबाइल पर स्क्रॉल करना, देर रात तक गेम या सीरीज़, ये सब भी भूख और हार्मोन पर असर डालते हैं। अच्छी बात यह है कि इन आदतों को बदला जा सकता है। आगे जो दिनचर्या है, वह इन्हीं दिक्कतों को धीरे-धीरे सुधारने में मदद करेगी।
इस सेक्शन को आप अपना “पूरे दिन का Weight Gain मैप” समझिए। जरूरत हो तो इसे कॉपी कर के दीवार पर चिपका दें।
कोशिश करें कि रोज लगभग 6:30 से 7:30 के बीच उठें। रात की 7 से 8 घंटे की नींद आपके शरीर को रिकवर करती है और अगले दिन वजन बढ़ाने की तैयारी करती है।
उठते ही सबसे पहले 1 से 2 गिलास गुनगुना या नॉर्मल पानी पी लें। इससे शरीर हाइड्रेट होता है, पाचन चालू होता है और कब्ज की दिक्कत कम होती है।
पानी के 10 से 15 मिनट बाद, एक छोटा सा स्नैक लें, जैसे:
सुबह का यह छोटा स्नैक आपके मेटाबॉलिज़्म को “स्टार्ट बटन” की तरह ऑन कर देता है और दिन की कुल कैलोरी बढ़ाने में मदद करता है। देर रात मोबाइल पर जागना छोड़ेंगे, तो सुबह यह सब आराम से कर पाएँगे।
सुबह के स्नैक के 30 से 45 मिनट बाद, भरपूर नाश्ता करें। कोशिश करें कि प्लेट में प्रोटीन और कार्ब दोनों हों। आसान ऑप्शंस:
नाश्ते के 2 से 3 घंटे बाद, एक छोटा मिड-मॉर्निंग स्नैक लें, जैसे:
जब आप हर 2 से 3 घंटे पर कुछ हेल्दी खाते हैं, तो शरीर को लगातार ऊर्जा और मसल बनाने के लिए ज़रूरी “माल” मिलता रहता है। अस्पतालों की कई डाइट चार्ट गाइड, जैसे 7-दिवसीय वजन बढ़ाने वाली डाइट योजना, भी यही पैटर्न फॉलो करती हैं।
दोपहर का खाना आपकी सबसे पावरफुल थाली हो सकती है। कोशिश करें कि प्लेट कुछ ऐसी दिखे:
अगर आपका बाकी खाना हेल्दी है, तो सफेद चावल भी ठीक है, क्योंकि यहाँ लक्ष्य वजन और एनर्जी दोनों बढ़ाना है। तेल या घी का इस्तेमाल करें, लेकिन इतना नहीं कि खाना तैरता दिखे। इससे वजन बढ़ेगा, पर पेट और कमर बहुत जल्दी बाहर नहीं आएँगे।
चाहे आप जिम जाते हों या घर पर ही पुश-अप, स्क्वैट और योग करते हों, वर्कआउट के आसपास सही स्नैक्स बहुत ज़रूरी हैं।
एक्सरसाइज से 30 से 45 मिनट पहले:
वर्कआउट के 30 से 40 मिनट के अंदर, प्रोटीन और कार्ब वाला स्नैक लें:
2025 की कई गाइड, जैसे Max Healthcare की वेट गेन सलाह, साफ लिखती हैं कि ऐसे कैलोरी-डेंस शेक और स्नैक्स, पेट ज़्यादा भरे बिना कुल कैलोरी बढ़ाने में मदद करते हैं।
शाम को 15 से 20 मिनट की हल्की वॉक या स्ट्रेचिंग रखें। इससे दिमाग फ्रेश रहता है, भूख खुलती है और पाचन बेहतर रहता है।
शाम के स्नैक के लिए विकल्प:
रात का खाना सोने से कम से कम 2 घंटे पहले रखें। उदाहरण:
सोने से 30 से 60 मिनट पहले, 1 गिलास हल्का गर्म दूध या छोटा स्नैक जैसे केला या मुट्ठी भर सूखे मेवे लें। इससे रात में मसल रिकवरी बेहतर होती है और Weight Gain में मदद मिलती है।
ज्यादातर लोग सिर्फ खाने पर फोकस करते हैं, जबकि हेल्दी वजन बढ़ाने में एक्सरसाइज और नींद भी उतने ही जरूरी हैं। कुछ हेल्थ संस्थान, जैसे Metropolis की वजन बढ़ाने वाली डाइट गाइड, साफ कहते हैं कि स्ट्रेंथ ट्रेनिंग के बिना जो वजन बढ़ता है, वह ज़्यादातर फैट हो सकता है।
नीचे दी गई आदतें आप आज से ही शुरू कर सकते हैं:
अगर आप हेल्दी तरीके से वजन बढ़ाना चाहते हैं, तो कोशिश करें कि अधिकतर वजन मसल्स के रूप में बढ़े। इसके लिए कुछ आसान बॉडीवेट एक्सरसाइज काफी असर दिखा सकती हैं:
हफ्ते में 3 से 4 दिन, 30 से 40 मिनट स्ट्रेंथ ट्रेनिंग रखें। शुरुआत हल्के लेवल से करें, फिर धीरे-धीरे रेप्स या वजन बढ़ाएँ। अगर आपको हार्ट, हड्डी, या कोई सीरियस हेल्थ प्रॉब्लम है, तो पहले डॉक्टर या ट्रेनर से बात कर के ही प्लान बनाएं।
नींद के समय ही आपका शरीर मसल्स रिपेयर करता है और नए सेल बनते हैं। अच्छे हार्मोनल बैलेंस से भूख भी बेहतर लगती है।
रात में बहुत देर तक मोबाइल स्क्रीन, गेम या सीरीज़ से बचें। सोने से कम से कम 30 मिनट पहले फोन दूर रख दें। हल्की किताब, प्रेयर्स या सॉफ्ट म्यूज़िक मदद कर सकती है ताकि दिमाग शांत हो और नींद गहरी आए।
सिर्फ पिज़्ज़ा, बर्गर, बहुत मीठा, सोडा, इनसे वजन तो बढ़ सकता है, पर पेट और कमर पर जल्दी जमा होता है, कोलेस्ट्रॉल और शुगर पर भी असर पड़ सकता है।
बहुत जल्दी परिणाम के चक्कर में स्टेरॉयड, बिना प्रिस्क्रिप्शन वाले गेनर या अजीब सी गोलियों से दूर रहें। NHS की हेल्दी वेट गेन सलाह भी कहती है कि अचानक वजन कम होना या बहुत कमजोरी महसूस होना, इन सब में खुद से इलाज करने के बजाय डॉक्टर से मिलना बेहतर है।
अगर आप बहुत ज़्यादा पतले हैं, हमेशा थकान रहती है या अचानक वजन गिरा है, तो पहले डॉक्टर और डाइटिशियन से मिलकर अपना प्लान सेट कराएँ।
अब आपके पास पूरा रोडमैप है, थोड़ी अतिरिक्त कैलोरी, दिन में 4 से 6 बार हेल्दी खाना, स्ट्रेंथ ट्रेनिंग, 7 से 8 घंटे नींद और जंक फूड से दूरी, यही हेल्दी Weight Gain की सच्ची चाबी है।
अपने लिए एक रियलिस्टिक टार्गेट रखें, जैसे 30 दिन में 1 से 1.5 किलो बढ़ाना। आज ही अपना लक्ष्य वजन एक कागज़ पर लिखें, कमरे में चिपका दें, और हर हफ्ते सुबह खाली पेट वजन और कपड़ों की फिटिंग चेक करें।
इस प्लान को किसी भरोसेमंद दोस्त या परिवार के साथ शेयर करें, ताकि आपको सपोर्ट भी मिले और मोटिवेशन भी बना रहे। रिज़ल्ट धीरे आएँगे, पर अगर आप रूटीन पर टिके रहे, तो जो वजन बढ़ेगा वह लंबे समय तक साथ रहेगा और आप खुद को ज़्यादा मजबूत, एनर्जेटिक और कॉन्फिडेंट महसूस करेंगे।